tana
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~सांई~~ੴ~~सांई~
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« Reply #420 on: August 12, 2008, 07:14:11 PM » |
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ॐ सांई राम~~~
श्री राम के फकीरी भेष की पहचान है तूं~ इसाई भी तेरे चरणों में झुकते है~~ गुरू-नानक की आन है तूं~ अल्लाह पाक की शानों-शौकत वाले~~ "ऐ फकीर बादशाह" हम सब का सांई भगवान है तूं~~~
जय सांई राम~~~
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"लोका समस्ता सुखिनो भवन्तुः ॐ शन्तिः शन्तिः शन्तिः"
" Loka Samasta Sukino Bhavantu Aum ShantiH ShantiH ShantiH"~~~
May all the worlds be happy. May all the beings be happy. May none suffer from grief or sorrow. May peace be to all~~~
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Ramesh Ramnani
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« Reply #421 on: August 13, 2008, 06:25:55 AM » |
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जय सांई राम।।।
तुम मेरे पास ही हो, ये एहसास है मुझे, कि अपने हाथों से, तुमने मुझे थाम रखा है,
जब भी डरता हूं, तुम्हारी गोद में आ जाता हूं, और अपनी आंखों को, हाथों से बंद कर लेता हूं,
मेरा रोना तुम्हें, बेचैन तो कर देता है, लेकिन तुम सिर्फ, हमेशा मुस्करा भर देते हो,
मेरी हर बात को, बङे ध्यान से सुनते हो, और बेतुके सवालों का, तुम समय आने पर ही जवाब भी देते हो,
तुम मेरे पास ही हो, ये एहसास है मुझे।
ॐ सांई राम।।।
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अपना साँई प्यारा साँई सबसे न्यारा अपना साँई - रमेश रमनानी
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Ramesh Ramnani
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« Reply #422 on: August 16, 2008, 11:46:03 PM » |
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जय सांई राम।।।
मेरे सानिध्य मे आकर देखो पहले दिन बसंत हो जाओगे । अपने अन्तर मे निहारना मिठास की गंध पाओगे। सुबह से तक रहा हूँ राह तुम्हारी उत्सव मे तुम जरुर आओगे एक न एक दिन ज़िंदगी खुद बखुद सँवर जायेगी
ॐ सांई राम।।।
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अपना साँई प्यारा साँई सबसे न्यारा अपना साँई - रमेश रमनानी
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Ramesh Ramnani
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« Reply #423 on: August 23, 2008, 10:42:43 PM » |
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जय सांई राम।।। सांई माँ
सिर्फ़ एक शब्द नही एक भाव ममत्व का
सांई माँ सिर्फ़ पोषक नही एक प्यार जीवन का
सांई माँ सिर्फ़ अस्थियों का ढांचा नही एक आकार स्नेह का
सांई माँ सिर्फ़ एक सम्बन्ध नही एक स्रोत करुणा का दया का श्रध्दा सबूरी का
ॐ सांई राम।।।
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अपना साँई प्यारा साँई सबसे न्यारा अपना साँई - रमेश रमनानी
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Ramesh Ramnani
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« Reply #424 on: August 30, 2008, 09:41:24 PM » |
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जय सांई राम।।।
Like a dessert needs the water, Like a flower needs the rain, My soul is thristy for YOUR love BABA, My heart screams out YOUR Name.
Like a ship needs a sailor, Like the stars need the sky, YOU brighten up my world, Like the moon lights up the night.
Like a movie star loves fame, Like a poor man needs money, I need and long for YOUR Love, I know YOUR Love is as sweet as honey.
I'm so proud I met YOU BABA, Would love to have YOU Always by my side, And I just want YOU to know, YOU really light up my life.
ॐ सांई राम।।।
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अपना साँई प्यारा साँई सबसे न्यारा अपना साँई - रमेश रमनानी
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Ramesh Ramnani
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« Reply #425 on: September 19, 2008, 08:19:26 AM » |
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जय सांई राम।।।
रिश्तों की टोकरी में बहुत नाम है रखे हुए एक 'तेरा' नाम ही हमेशा याद आता है
खुशी या गम हो जब इज़हार करना चाहूँ एक तेरे ही नाम का पर्चा हाथ आता है
जन्मों-जन्मो के सफ़र में अपने साए का तो वजूद भी नही कही जिधर देखू वही तेरा प्यार परछाई बन मुझे नज़र आता है
ॐ सांई राम।।।
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अपना साँई प्यारा साँई सबसे न्यारा अपना साँई - रमेश रमनानी
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Ramesh Ramnani
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« Reply #426 on: September 23, 2008, 10:48:28 PM » |
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जय सांई राम।।।
बाबा जब भी आपका नाम जुबान पर आता है, होंठों पर मुस्कराहट आ ही जाती है, तसल्ली होती है दिल को, कोई तो है अपना जो हर वक्त अपने प्रियतम की याद दिलाता है...
ॐ सांई राम।।।
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अपना साँई प्यारा साँई सबसे न्यारा अपना साँई - रमेश रमनानी
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dee
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« Reply #427 on: September 23, 2008, 11:12:07 PM » |
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"Jo chhod ke sari duniyadari tere hi gun gata hai Tere naam ka pi ke pyalaa MY SAI teri alakh jalata hai Teri bhakti ki masti mein MY SAI mast hai tera mastaana.."
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« Last Edit: September 23, 2008, 11:16:13 PM by dee »
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~SAI Baba YOU ARE OUR INSPIRATION~~BABA IS PERFECT~ ~SHRADDHA SABURI~Are Like Two Twin Sisters!! ALLAH MALIK~SABKA MALIK EK~Bow To Shri Sai Peace be to All
 Shirdi Sai Baba On http://forum.spiritualindia.org/index.php I Sai-Dwarkamai
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Ramesh Ramnani
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« Reply #428 on: September 24, 2008, 07:21:17 AM » |
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जय सांई राम।।।
मुझे तमाम ज़माने की आरज़ू क्यों हो? बहुत है मेरे लिये इक आरज़ू बाबा तेरी
ॐ सांई राम।।।
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अपना साँई प्यारा साँई सबसे न्यारा अपना साँई - रमेश रमनानी
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saisewika
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« Reply #429 on: September 29, 2008, 06:56:09 AM » |
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जय सांई राम।।।
मुझे तमाम ज़माने की आरज़ू क्यों हो? बहुत है मेरे लिये इक आरज़ू बाबा तेरी
ॐ साईं राम
तेरा ही ख्याल तेरी ही आरजू तेरी ही जुस्तजू है तू मुझमें समाया है ऐसे कि मेरी "मै" में भी तू है
जय साईं राम
ॐ सांई राम।।।
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Ramesh Ramnani
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« Reply #430 on: September 30, 2008, 06:48:00 AM » |
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जय सांई राम।।।
जल की एक बूँद किसी प्रकार समुद्र के अथाह जल के पास पहुँची ओर उसमें घुलने लगी तो बूँद ने समुद्र से कहा – “मुझे अपने अस्तित्व को समाप्त करना मेरे लिये सम्भव नही होगा। मै अपनी सत्ता खोना नही चाहती।”
समुद्र ने बूँद को समझाया - “तुम्हारी जैसी असंख्य बूँदों का समन्वय मात्र ही तो मैं हूँ। तुम अपने भाई बहनों के साथ ही तो घुल मिल रही हो। उसमें तुम्हारी सत्ता कम कहाँ हुई, वह तो और व्यापक हो गई है।”
बूँद को समु्द्र की बात पर संतोष नही हुआ और वह अपनी पृथक सत्ता की बात करती रही, और वार्त्ता के दौरान ही वह सूर्य की पंचड गर्मी के कारण वह वाष्प बन गई और कुछ देर बाद पुन: बारिस की बूँद के रूप में समुद्र के दरवाजें पर पहुँची। उसे अपनी ओर आता देख समुद्र ने कहॉं कि - “बच्ची अपनी पृथक सत्ता बनाऐ रहकर भी तुम अपने स्वतंत्र अस्तित्व की रक्षा कहाँ कर सकीं? अपने उद्गम को समझो, तुम समष्टि से उत्पन्न हुई थीं और उसी की गोद में ही तुम्हें चैन मिलेगा।“
जी हाँ बाबा सांई की गोद ही हमारा परम ध्येय होना चाहिये वंही हमे परम् शान्ति की सता हासिल हो सकती है।
ॐ सांई राम।।।
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अपना साँई प्यारा साँई सबसे न्यारा अपना साँई - रमेश रमनानी
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Ramesh Ramnani
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« Reply #431 on: October 02, 2008, 12:57:20 AM » |
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जय सांई राम।।।
मेरे ख्यालों और ख्वाबों में तुम आते हो ये भी बड़ा अहसान है मुझ पर तेरा मेरे सांई
लेकिन फिर भी इस से बड़ा अहसान है मुझ पर कि तुमने मुझे महबूब बनकर मेरे दिल में बसकर मुझ पर रहमत की है
ॐ सांई राम।।।
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अपना साँई प्यारा साँई सबसे न्यारा अपना साँई - रमेश रमनानी
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Ramesh Ramnani
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« Reply #432 on: January 14, 2009, 08:37:04 AM » |
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जय सांई राम।।।
तुम मेरे पास ही हो, ये एहसास है मुझे, कि अपने हाथों से, तुमने मुझे थाम रखा है,
जब भी डरता हूं, तुम्हारी गोद में आ जाता हूं, और अपनी आंखों को, हाथों से बंद कर लेता हूं,
मेरा रोना तुम्हें, बेचैन तो कर देता है, लेकिन तुम सिर्फ, हमेशा मुस्करा भर देते हो,
मेरी हर बात को, बङे ध्यान से सुनते हो, और बेतुके सवालों का, तुम समय आने पर ही जवाब भी देते हो,
तुम मेरे पास ही हो, ये एहसास है मुझे।
ॐ सांई राम।।।
जय सांई राम।।।
सवाल कुछ भी हो जवाब 'तुम' ही हो रास्ता कोई भी हो मन्ज़िल 'तुम' ही हो दुख कितना भी हो खुशी 'तुम' ही हो अरमान कितना भी हो आरज़ू 'तुम' ही हो गुस्सा जितना भी हो प्यार 'तुम' ही हो।
ॐ सांई राम।।।
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अपना साँई प्यारा साँई सबसे न्यारा अपना साँई - रमेश रमनानी
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Ramesh Ramnani
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« Reply #433 on: January 31, 2009, 11:25:36 PM » |
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जय सांई राम।।।
You May Miss Me... You May Ignore Me... You May Even Forget Me...
But One Day.. When You Want to See Me... Don't Search Me...
Just See Your Shadow... I will Be There...
Always With You
ॐ सांई राम।।।
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अपना साँई प्यारा साँई सबसे न्यारा अपना साँई - रमेश रमनानी
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साई राम اوم ساي رام ਓਮ ਸਾਈ ਰਾਮ OM SAI RAM
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« Reply #434 on: February 07, 2009, 11:05:02 AM » |
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Please DO NOT Spam. You already mentioned about this more than once.
Sai RamRespected members kya aap hamari quaterly magzine ke liye kuch likhna change agar ha to pls mail kare sai.samarpan2008@gmail.com/rajesh.grover77@gmail.com/ or Mail at B242 A Derwal Nagar Near Pentamed Hospital Delhi 110009
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